मयांमार की तरफ मुड़ गया है मोचा

परंतु तेज हवा, बरसात शुरू हो गई है लोग एक स्थान पर रुके हुए हैं, वे फंस चुके हैं

आज मैं भी जाने वाली थी अपना चश्मा लेने

परंतु मैने हवा का रुख देखा और अपना जाने का फैसला छोड़ दिया वरना आज मै भी सबकी तरह कहीं पर खड़ी होती

बरसात के साथ साथ तेज हवा ने सबको परेशानी मे डाल दिया

मुझे तो लगता है की इतनी तेज बारिश और हवा ने बहुत कुछ नुकसान किया होगा

ये तो आंधी थमने और बारिश रुकने के बाद पता चलेगा

कोलकाता मे बहुत गर्मी थी

धूप भी बहुत तेज होती थी

गर्मी से सब परेशां थे

मेरे पतिदेव और मेरे बच्चे छत पर पंछियो के पीने के लिए पानी रख देते हैं हम महसूस करते हैं की प्यास क्या होती है

अब गर्मी से राहत है

लेकिन मुझे चिंता है एक कौए के परिवार की उसमे उसका परिवार रहता है

उसका घोसला मेरे घर के पास ही दूसरी बिल्डिंग मे बना हुआ है जो मेरे घर से साफ दिखाई देता है

उसके घोसले मे चार अंडे और एक बच्चा है जो बड़ा हो चुका है कोआ, और कौएइ दोनों आज सुबह से ही परेशानी मे थे

लेकिन भगवान् सबकी रक्षा करते हैं मैं उनके लिए कुछ नहीं कर सकती अब जो उनका नसीब

अभी मै सोंच रही हु की अगर मोचा चक्रवात आया होता तो क्या होता

ये मोचा नहीं है फिर भी कितनी तेज हवा और पानी है

मै सोंच रही हु की जो लोग रोज कमाते खाते हैं मजदूर है उनका क्या होगा

कितनी गंदगी हो चुकी है चारो तरफ धूल ही धूल है

सारे सब्जी वाले भाग गए हैं अब कल अगर पानी भर जाएगा तो सब्जी कहाँ से आएगी सब्जी के दाम भी बहुत बढ़ जाएंगे

मै ये सोंच रही हु की आंधी थम जाए और कुछ पानी बरस जाए ताकि सबको राहत मिले गर्मी से

Thanks God अब आंधी कम हुई मै कोए के घोसले को देखने की कोशिश कर रही हु वो सब मेरे पड़ोसी हैं

मैने उनको अपने घर भी बुलाया पर कौआ विश्वास नहीं करता है मेरे ऊपर वो नहीं आया वरना मै एक कोने मे उसे बैठा लेती वो अपने अंडो के साथ रहना पसंद करता है अपने बच्चे और पत्नी के साथ खुश है

यहाँ अंधेरे मे कुछ दिखाई नहीं दे रहा भगवान् उसके परिवार को सुरक्षित रखे इस प्रार्थना के साथ, आप सबको good evening 🙏🏿🙏🏿🙏🏿🙏🏿🙏🏿

टिप्पणी करे

Design a site like this with WordPress.com
प्रारंभ करें