कुछ लोग डरे हुए रहते है आप देखते है सबसे दूर दूर रहते हैं

ये एक मानसिक कमजोरी है जो हमे आभास होता है कि किसी ऐसे भय का जो निराधार ही होता है
आप किसी को देखते होगे की कोई अपने घर से ज्यादा नहीं निकलता है काम करने के बाद वो केवल अपने ही घर मे सिर्फ अपने तक ही सीमित रहता है
उसे किसी का संग अच्छा नहीं लगता है वो हर किसी को एक संदिग्ध दृष्टि से देखता है
इसका एक कारण है कि वो व्यक्ति एक ऐसे माहौल मे पाला गया है कि उसका माहौल एक अजीब माहौल होता है
उसके माता पिता उसे सबसे दूर रखते है उसके माता पिता सामाजिक नहीं होते
या वो सबसे इतना ज्यादा अपमान तिरस्कार झेला हुआ होता है
उसको अपने ही लोगों द्वारा किया गया अनुचित व्यवहार उसे इस तरह की मानसिकता का परिचायक बना देता है
जैसे उसके सामने किसी के ऊपर अत्याचार होता है और वो सामने खड़े होकर उसे देखता रहता है विरोध करना चाहता है परंतु विरोध नहीं कर सकता
जैसे कि एक छोटा बच्चा देखता है कि उसके पिता रात मे उसकी माँ के साथ अत्याचार करते हैं उसे मारते हैं जबरदस्ती उसका शोषण करते हैं बच्चे को अच्छा नहीं लगता अगर वो विरोध कराता है तो मार खाता है
और भी इसी तरह की घटनाएं मैंने होते अपने आसपास देखी है कि घरेलु हिंसा भी इसका कारण होती है
घर की कलह से और अभाव से एक बच्चा परेशान होता है दुखी रहता है और चिड़चिड़ापन उसके अंदर आ जाता है।
टिप्पणी करे