दुख भी एक वरदान ही होता है अगर फूल हैं जीवन मे तो वो भी सौभाग्य है अगर कांटे हैं तो वो भी दुर्भाग्यपूर्ण नहीं है
अगर हमे कोई तकलीफ है तो निश्चय ही हमे उन तकलीफों से ज्ञान की प्राप्ति होती है तकलीफों से ही हमे अनुभव होता है और हमारे ज्ञान का विस्तार होता है हम दुख मे भी आगे के लिए सचेत हो जाते हैं
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