
कभी कभी पूरी होती है परंतु कभी कभी नहीं पूरी होती है
पूरी होकर भी दूर चली जाती है
पास होकर भी दिल से दूर हो जाती है
चाहत एक व्यथा है
इस गहराई को जो कोई समझता है वही असली आनंद पा सकता है

कभी कभी पूरी होती है परंतु कभी कभी नहीं पूरी होती है
पूरी होकर भी दूर चली जाती है
पास होकर भी दिल से दूर हो जाती है
चाहत एक व्यथा है
इस गहराई को जो कोई समझता है वही असली आनंद पा सकता है
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