किसी को सताकर, किसी पर जुल्म करके जब अपना समय बलवान होता है तब कुछ लोग उसका पूरा फायदा उठाते हैं
किसी को जानबूझकर अपशब्द कहना, ताने मारना, किसी की कमजोरी समझ कर उसका अपमान करना
ये तो एक उसका और उस इंसान का समय होता है जो ये प्रतिक्रिया कुछ समय तक चलती रहती है परंतु हर समय की भी एक आवधि होती है कष्ट सहने वाले का भी समय पूरा हो गया और कष्ट देने वाले का भी
अब जिसका कष्टों भरा समय पूरा हो गया वो तो जीवन से चला गया या उसका एक नया रास्ता बन चुका
उस बलवान इंसान के पास सबकुछ है, धन दौलत, शरीर, साधन, तब भी वो इंसान खुश और संतुष्ट नहीं है
बिस्तर पर करवट बदलता रहता है मन मे अशांति है अपनी वस्तुओ अपने धन से वो हमेशा असंतुष्ट रहता है अपने आपको बीमार और अकेला महसूस करता है
ऐसा क्यो होता है ऐसा इसलिए होता है की उस इंसान ने किसी के साथ गलत किया कोई नहीं देख रहा परंतु उस प्रकृति ने देखा जिस पर रहकर उसने किसी के साथ अन्याय किया
सारे कर्म बन गए और वही कर्म जो उसने बनाये थे उसे जीने नहीं देते हैं 🙏🏽🙏🏽🙏🏿
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