
कहती है एक सुन्दर चिड़िया एक कहानी
एक दिन एक बहुत ही सुंदर चिड़िया घूम रही थी दाना चुग रही थी तभी एक मोती उसे मिल गया जो बहुत चमक रहा था बहुत सुन्दर लगता था
वो चिड़िया उस मोती को बहुत ध्यान से देखने लगी और सोंचने लगी कि ये मोती कितना सुंदर है कितना चमक रहा है जैसे कि सूरज की रोशनी
मैं इस मोती को उठा के जाऊँगी अपने घोंसले मे रख दूंगी और मेरा घोसला चमकने लगेगा
लेकिन वो उस मोती को चोंच में दबा नहीं पाई और कोशिश करती रही कि ये मैं उठा दूंगी और ले जाऊँगी
परंतु वो असफल रही
तभी एक लड़के ने उस चिड़िया को पीछे से पकड़ लिया और कहा कि कितनी मुश्किल से तू मेरे हाथ आई है प्यारी चिड़िया मैंने ही ये मोती तेरे लिए रखा था
अब मैं तुझे अपने घोंसले मे रखूँगा
प्यार से साथ मे तुम्हें ये मोती उपहार मे दूँगा तू कितनी सुन्दर है चिड़िया तेरे पंख सुनहले हैं मैं तुझे तेरे मनपसंद खाना खिलाएगा
अब वो उस चिड़िया को पकड़ ले गया
और उसे एक बड़े से पिंजरे मे रख दिया
रोज उसे अच्छा अच्छा भोजन देने लगा
परंतु वो चिड़िया स्वतंत्र होकर खुले आसमान मे उड़ने वाली वो ये सब क्या खाएगी वो उस लड़के से मिन्नते करती कहती की देखो मेरा कोई दोष नहीं मुझे मत बंद करो मुझे जाने दो वर्ना मैं मर जाऊँगी
लड़का कहने लगा कि तू मर जाएगी तब मैं तेरे पंखों को नोच कर एक पंखा बनाऊँगा और उसे सजा दूँगा तो मरने के बाद तो और भी सुन्दर लगेगी
चिड़िया रोने लगी भूख से पागल चिड़िया ने दाने खा लिए और वो गुमसुम सी उस पिंजरे मे बैठी रहती
अब वो क्या करती उसने अब किस्मत पर सबकुछ छोड़ दिया और बेबसी को ओढ़ लिया
एक छोटा सा चूहा उसे रोज देखता था और कहता कि चिड़िया तू तो बहुत किस्मत वाली है कितनी अच्छी अच्छी चीजें खाती है तो चिड़िया अपनी चोंच से थोडा सा खाने का समान फेंक देती और वो चूहा खाने लगता
चिड़िया और चूहे मे दोस्ती हो चुकी थी चूहा रोज आता और चिड़िया से बात करता चिड़िया उसे रोज कुछ ना कुछ खाने को दे दिया करती
एक दिन चूहे ने कहा कि तुम बहुत उदास रहती हो एक दीवार पर पिंजरे में टंगी रहती हो
चिड़िया ने कहा कि अब मेरा यही जीवन है मैं मर जाऊँगी तब भी सूखकर दीवार पर टंगी तुम मुझे देखोगे मित्र
चूहे ने कहा कि तुम ऐसा मत बोलो चिड़िया मैं तुम्हें आज़ाद कर सकता हू लेकिन पिंजरा बहुत मजबूत है
दीवाल के बीच मे एक खूंटी पर तुम्हारा पिंजरा टंगा हुआ है
लेकिन अगर तुम्हारी किस्मत होगी तो तुम आजाद हो जाओगी तुमनें एक भूखे चूहे को खाना दिया है इसका पुण्य तुम्हें जरूर मिलेगा
एक दिन एक बच्चा उस लड़के से चिड़िया देखने की जिद पर उतर आया पर लड़का उसे चिड़िया नहीं दिखाता था और भगा देता था
तभी एक दिन लड़का घर पर नहीं था वो बच्चा उसकी बड़ी बहन से चिड़िया दिखाने की जिद कर रहा था बहन ने पिंजरा नीचे उतार दिया और बच्चा चिड़िया देखकर खुश हो रहा था चूहा सब देख रहा था वो सोंच रहा था कि यही मौका है चिड़िया को आज़ाद कराने का
तभी उसकी बहन किसी काम से बच्चे और पिंजरा छोडकर चली गई और बच्चा चिड़िया देखने लगा उससे खेलने लगा तभी चूहा आता है चूहे को देख कर बच्चा डर कर भाग गया और चूहे ने पिंजरे की कील को हटा दिया और पिंजरा खुल गया और चिड़िया बाहर आ गई चिड़िया आजाद हो गई और अपने मित्रों के पास चली गई
तभी उसने वैसा ही मोती फिर देखा उसकी दोस्त उसको लेना चाहते थे परंतु जब उसने सबको ये कहानी सुनाई तो सब हैरान रह गए
चिड़िया ने कहा कि किसी चमकती हुई चीज के पीछे कभी ना भागना एक सुख मे कई दुख छिपे होते हैं
🙏🙏🙏😊😊😊
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