anupama shukla

  • महिलाओं को महिलाओं से सहानुभूति नहीं

    कहीं कहीं पर हम लोग देखते है की महिलाएं ही महिलाओं का साथ नहीं देती है ,उनको महिला मित्र से… Read More

  • देवदासी भाग 27

    मंजुलता खाना बनाती थी और माई लकड़ी बेचकर आती थी ,और गरम गरम खाना बनाकर मंजूलता रखती थी शाम को… Read More

  • शादी का असली मतलब भाग 8

    लेकिन रघु अपनी मां की बात नहीं मानते कहते है की नहीं मां मैं अब इंतजार नहीं कर सकता मेरे… Read More

  • दुल्हन का व्रत भाग 10

    रुखसाना चली जाती है ,अब जेठानी कहती है दादी से की रुखसाना को क्यों जाने को कहा हम लोग उसको… Read More

  • महिलाओं की स्थिति अभी तक खराब क्यों

    महिला ही महिला की शत्रु मानी गई है ,महिलाएं जितनी भी पढ़ी लिखी क्यों न हो पर दूसरी महिलाओं के… Read More

  • कभी कभी पुरुष भी अच्छे मित्र साबित होते हैं

    सब पुरुष अविश्वास के योग्य नहीं है ,पुरुष हमारी जिंदगी का एक हिस्सा है वो भाई ,पिता बेटा पति ,प्रेमी… Read More

  • कभी कभी मन टूट जाए तो ,बिखरना नहीं

    अपने आपको संभाले रखना भी एक बहुत बड़ा अहसास है ,जब आपको कोई ठेस पहुंचाता है या कोई ऐसी बात… Read More

  • बेवफा की पहचान

    जब जब फूल खिले तेरी याद आना लाजमी था तेरे भूल जाने का और फ़िर ना लौटने का बहाना ही… Read More

  • गुलाम ना बनाओ अपने को मन का

    हमेशा याद रखना अपने आपको कभी भी मन का गुलाम ना बनाना ,शिकंजा कर कर भी इतना न रखना ,लगाम… Read More

  • जुर्म किसको कहते है

    जो कार्य जोश में किए जाते है किसी के दिल पर चोट की जाती है। जब किसी के आंसुओं को… Read More

  • कुछ बातें समझ से बाहर ,

    कभी कभी कितने पराए हो जाते है जिन्हे हम अपना सबकुछ समझते हैं कुछ समझ में ही नहीं आता की… Read More

  • छिपा शत्रु

    एक महिला को जंगल में घूमने का बड़ा शौक था वो जंगल में जाती और वहां से जानकारी लेकर पिक… Read More

  • शादी का असली मतलब भाग 7

    अब रघु अपनी मां से प्रीति से शादी की बात करता है ,मां कहती है ये कैसे हो सकता है… Read More

  • दुल्हन का व्रत भाग 9

    दादी प्यार से उसके सिर पर हाथ फेरती है ,और आशीर्वाद देती है , दादी कहती है अच्छा अब तू… Read More

  • देवदासी भाग 26

    मंजुलता कहती है हां माई आप लकड़ी मत काटो मुझे बता दो मैं काट कर दे दूंगी ,आप अभी बीमार… Read More

  • My feeling

    जब भी मैं अपने आसपास देखती हूं तो मुझे सब उलझे हुए दिखते है ,सब चिंताग्रस्त ,किसी में कोई प्रसन्नता… Read More

  • कामवासना

    बड़े बड़े ऋषि मुनियों का तप इस कामवासना ने भंग कर दिया ,लंबे समय तक तपस्या करने वाले मुनि को… Read More

  • शादी का असली मतलब भाग 6

    रघु की भाभी कहती है ठीक है मैं फिर पूंछा हूं उससे , और रघु वहां से चला जाता है… Read More

  • दुल्हन का व्रत भाग 8

    रुखसाना ने चाय पी ,दादी के कमरे में प्रमोद भी थे तीनों खूब खुश थे ,रुखसाना दादी को बार बार… Read More

  • इंतजार की घड़ी

    आओ प्रियतम ,आओ , थामो मेरा हाथ। मेरी आंखे तरस रही। हलचल मेरी बहक रही। आकर मुझको गले लगाओ ,मत… Read More

Design a site like this with WordPress.com
प्रारंभ करें